सहरसा समेत पूरे कोसी क्षेत्र में नशे के खिलाफ चलाया जा रहा अभियान अब सिर्फ पुलिस की कार्रवाई तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह समाज और परिवारों को बचाने की एक बड़ी मुहिम बनता दिखाई दे रहा है। डीआईजी डॉ. कुमार आशीष के नेतृत्व में शुरू हुई इस पहल का असर आम लोगों के बीच भी देखने को मिल रहा है। यही वजह है कि लोग अब खुलकर कह रहे हैं—“धन्यवाद डीआईजी साहब!” फरवरी 2026 से अब तक अभियान के तहत 1,638 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। पुलिस कार्रवाई में 57,878 लीटर से अधिक अवैध शराब, 4,870 किलो से ज्यादा गांजा, 6.75 किलो नशीला पदार्थ और 2,384 लीटर कफ सिरप बरामद किया गया। इसके अलावा हथियार और 55.53 लाख रुपये से अधिक भारतीय मुद्रा भी जब्त की गई है। ये आंकड़े बताते हैं कि नशे के अवैध

Featured Image

कारोबार के खिलाफ पुलिस किस स्तर पर कार्रवाई कर रही है। लेकिन इस अभियान की असली सफलता सिर्फ बरामदगी और गिरफ्तारियों के आंकड़ों में नहीं, बल्कि उन परिवारों की उम्मीदों में है जो नशे की वजह से वर्षों से परेशान रहे हैं। किसी मां को अपने बेटे की चिंता थी तो किसी पिता को अपने बच्चे के भविष्य की फिक्र। ऐसे परिवारों को अब उम्मीद है कि नशे के खिलाफ यह मुहिम उनके घरों में फिर से सुकून और खुशियां ला सकती है। अभियान में बेहतर प्रदर्शन करने वाले पुलिस अधिकारियों और जवानों का उत्साह बढ़ाने के लिए सम्मान भी किया जा रहा है। वहीं, आम लोग भी जागरूक होकर अपने गांव और मोहल्लों में बैठकें कर रहे हैं और नशे के खिलाफ अभियान में सहयोग दे रहे हैं। नशे पर प्रहार और परिवारों में मुस्कान—यही इस मुहिम की सबसे बड़ी कामयाबी है। उम्मीद है कि पुलिस और समाज के साझा प्रयास से कोसी क्षेत्र में नशे के खिलाफ यह लड़ाई और मजबूत होगी।